सम्पादक :- दीपक मदान
पुलिस आपके द्वार कार्यक्रम की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, पुलिस-जनता के बीच सहयोग स्थापित करना, सुरजीत सिंह को मजबूत करना, जिले के सभी जिला स्तर के अधिकारियों को अपने-अपने इलाकों में नियुक्त ग्राम विधानमंडलों/प्रहारियों (पूर्व एवं नव-चयनित) के साथ दो दिवसीय बैठकें आयोजित करना। प्रतिनिधि तैयारी की दिशा में बताया गया है। ग्रामों में सुरक्षा व्यवस्था के लिए ग्राम चौकीदार/प्रहरी पुलिस क्षेत्र में पुलिस अधीक्षक और राजस्व क्षेत्र में जिला मजिस्ट्रेट द्वारा नियुक्त किये जाते हैं। दो बैठकों के माध्यम से ग्राम प्रहरियों से प्राप्त आंकड़ों को आगामी रणनीति में शामिल कर ग्रामीण स्तर पर कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावशाली बनाया गया है। उपखंडों द्वारा ग्रामों से संबंधित अपराध, विवाद, ऋण देनदारी एवं सामाजिक पहलुओं के संबंध में विस्तृत जानकारी एवं रिकार्ड प्राप्त किया गया।
बैठकों के दौरान निम्नतम नियुक्तियों पर विशेष रूप से चर्चा कार्रवाई एवं की गई-
प्रत्येक ग्राम में ईसा मसीह, मस्जिद और धार्मिक समुदाय की जानकारी प्राप्त की गई। जिन ग्रामों में सचिवालय ग्रामों की नियुक्ति नहीं की गई, उनकी सूची तैयार कर वास्तुशिल्प पर विचार किया गया। सभी ग्राम रक्षकों/प्रहरियों की पृष्ठभूमि का सत्यापन किया गया
संबंधित क्षेत्र की अपराध स्थिति, आपराधिक एवं सामाजिक संरचना से संबंधित संबद्ध समूह की जानकारी
ग्राम पंचायतो को पुलिस के साथ सतत समन्वय स्थापित कर सूचना तंत्र को मजबूत करने के निर्देश दिये गये। बैठक के दौरान ग्राम विक्षोभों द्वारा प्राधिकरणों को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया गया कि वे अपने-अपने ग्राम क्षेत्रों में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि, पहचान व्यक्तित्व, नशा, घरेलू विवाद, अपराध या अन्य सामाजिक समस्या की जानकारी समय से पुलिस को उपलब्ध कराएं, ताकि तत्काल एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
