दीपक मदान
हरिद्वार:
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) नवनीत सिंह के निर्देशन में बहादराबाद पुलिस ने एक सनसनीखेज और जटिल ब्लाइंड मर्डर केस का खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी को दबोचने में बड़ी सफलता हासिल की है। प्रेम प्रसंग, ब्लैकमेलिंग और आपसी विवाद के चलते इस जघन्य हत्याकांड को अंजाम दिया गया था। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर मृतका का मोबाइल फोन और अन्य दस्तावेज बरामद कर लिए हैं।

क्या है पूरा मामला?
दिनांक 24 जुलाई 2026 को वादी मोमिन पुत्र हमीद (निवासी ग्राम अलीपुर, कोतवाली बहादराबाद) ने थाने में लिखित तहरीर दी थी। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी पुत्री शहनुमा की हत्या गांव के ही रहने वाले नावेद पुत्र रियासत और उसके परिजनों ने मिलकर की है।
त तहरीर के आधार पर पुलिस ने थाना बहादराबाद में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) और 351(3) के तहत मुकदमा दर्ज किया। मामला पूरी तरह से ब्लाइंड था क्योंकि न तो घटनास्थल स्पष्ट था और न ही मृतका का शव बरामद हुआ था, जिससे पुलिस के लिए जांच करना बेहद चुनौतीपूर्ण हो गया था।

पुलिस की विशेष टीम का गठन और दबिश
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी हरिद्वार ने तुरंत एसपी सिटी और क्षेत्राधिकारी ज्वालापुर के निर्देशन में प्रभारी निरीक्षक बहादराबाद के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया।
घटना के बाद से मुख्य आरोपी नावेद फरार चल रहा था। पुलिस लगातार उसके परिजनों और संदिग्धों से पूछताछ कर रही थी, लेकिन कोई ठोस सुराग नहीं मिल रहा था। इसके बावजूद पुलिस टीम ने तकनीकी और मानवीय सूचना तंत्र (ह्यूमन इंटेलिजेंस) का प्रभावी इस्तेमाल जारी रखा।

ऐसे पकड़े गया आरोपी
27 जुलाई 2026 को मुखबिर से खास सूचना मिली कि आरोपी नावेद मंगलौर क्षेत्र के ग्राम भगवानपुर चंदनपुर में अपने रिश्तेदारों के यहां छिपा हुआ है। सूचना मिलते ही विवेचक अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे।
स्थानीय लोगों की मदद से तालाब के पास संदिग्ध अवस्था में खड़े एक युवक से पूछताछ की गई। घबराने के बाद जब सख्ती से पहचान पूछी गई, तो उसने अपना जुर्म कबूल करते हुए अपना नाम नावेद पुत्र रियासत बताया।
हत्या की वजह: डांस, ब्लैकमेल और गालियां
पूछताछ में आरोपी नावेद ने पुलिस को चौंकाने वाले खुलासे किए। उसने बताया कि:
मृतका शहनुमा के साथ उसके प्रेम संबंध थे, लेकिन समय के साथ उनके बीच विवाद बढ़ने लगा था।
एक पारिवारिक समारोह के दौरान शहनुमा के लड़कों के साथ डीजे पर डांस करने से नावेद नाराज था। मना करने के बावजूद जब वह नहीं मानी, तो दोनों के बीच तीखी बहस हुई।
आरोपी का आरोप है कि मृतका उसे लगातार विभिन्न मामलों में फंसाने की धमकी दे रही थी। उसने उसकी मां और बहन को गंदी-गंदी गालियां दीं और कहा कि उसने उसकी गंदी फोटो ससुराल वालों को दिखाकर उसका रिश्ता तुड़वाया है।
खुद को लगातार ब्लैकमेल और दबाव में महसूस करने के बाद आरोपी ने शहनुमा को रास्ते से हटाने की खौफनाक योजना बनाई।
कलियर के होटल में रुका और गंगनहर में फेंका शव
योजना के तहत आरोपी शहनुमा को कलियर लेकर गया और एक होटल में रुका। अगले दिन तड़के वह उसे एक सुनसान इलाके में ले गया, जहां उसकी गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद साक्ष्य मिटाने के इरादे से उसने शव को गंगनहर में फेंक दिया और वापस अपने गांव आकर आम दिनों की तरह रहने लगा।
पुलिस ने पूछताछ के बाद आरोपी की निशानदेही पर मृतका का मोबाइल फोन और [आधार कार्ड Redacted] बरामद कर लिया है। पुलिस अब मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है।
पुलिस टीम के जांबाज सदस्य
इस ब्लाइंड केस का सफल अनावरण करने वाली पुलिस टीम में निम्नलिखित अधिकारी व कर्मचारी शामिल रहे:
व0उ0नि0 मनोज गैरोला
उ0उ0नि0 विकास रावत
उ0उ0नि0 हेमदत्त भारद्वाज
कानि. बलवन्त सिंह
कानि. अरुण चमोली
कानि. विकास थापा
कानि. सतेन्द्र चौधरी
कानि. (सीआईयू) वसीम
