हरिद्वार, 6 जुलाई 2026:
शिक्षा के साथ-साथ विद्यार्थियों में नेतृत्व क्षमता और लोकतांत्रिक मूल्यों के विकास के उद्देश्य से सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज, सेक्टर-2, रानीपुर में आज एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। सत्र 2026-27 की ‘छात्र संसद’ के गठन की प्रक्रिया के अंतर्गत आज प्रथम चरण में एक व्यापक ‘सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता’ का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में विद्यालय के 95 छात्र-छात्राओं ने पूरे उत्साह के साथ प्रतिभाग किया और अपनी बौद्धिक क्षमता का परिचय दिया। छात्र संसद के चयन की यह पारदर्शी प्रक्रिया विद्यार्थियों को जिम्मेदारी और नेतृत्व के प्रति जागरूक करने के लिए विद्यालय द्वारा प्रतिवर्ष आयोजित की जाती है।

लोकतंत्र ही हमारी पहचान: प्रधानाचार्य
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि व विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री लोकेंद्र दत्त अंतवाल जी ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए लोकतंत्र के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, “लोकतंत्र केवल एक शासन प्रणाली नहीं, बल्कि हमारे जीवन की पहचान और आधार है। छात्र संसद के माध्यम से हम विद्यार्थियों में निर्णय लेने की क्षमता, अनुशासन और राष्ट्र निर्माण के प्रति कर्तव्यबोध जगाना चाहते हैं।” उन्होंने सभी प्रतिभागियों का मनोबल बढ़ाया और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

इस अवसर पर विद्यालय की छात्र संसद के प्रमुख दीपक कुमार भी विशेष रूप से उपस्थित रहे, जिन्होंने पूरी चयन प्रक्रिया के सुचारू संचालन में सक्रिय भूमिका निभाई। विद्यालय के अन्य शिक्षक और स्टाफ सदस्यों ने भी इस प्रक्रिया को सफल बनाने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया।
विद्यालय परिवार का मानना है कि इस प्रकार की गतिविधियों से छात्रों में आत्मविश्वास का संचार होता है और वे भविष्य में एक सजग नागरिक के रूप में देश का नेतृत्व करने के लिए तैयार होते हैं।
