दीपक मदान
हरिद्वार:/उत्तराखंड आबकारी आयुक्त के निर्देशों और जिला आबकारी अधिकारी कैलाश बिंजोला के मार्गदर्शन में जनपद में अवैध शराब के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष प्रवर्तन अभियान ने अब ऐसा आक्रामक रूप ले लिया है, जिससे शराब माफियाओं की नींद उड़ी हुई है। पर्याप्त संसाधनों की कमी और तमाम चुनौतियों के बावजूद अपने अदम्य साहस और कर्तव्यनिष्ठा के लिए पहचाने जाने वाले आबकारी निरीक्षक दर्शन सिंह चौहान ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि इरादे बुलंद हों तो संसाधनों का मोहताज नहीं होना पड़ता। क्षेत्र-एक हरिद्वार की टीम ने महज 48 घंटों के भीतर बैक-टू-बैक ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए अवैध शराब के अड्डों को नेस्तनाबूद कर दिया।

पहली कार्रवाई (16 सितंबर): घरों के भीतर चल रहे काले कारोबार पर शिकंजा
अभियान के पहले चरण में 16 सितंबर को आबकारी निरीक्षक दर्शन सिंह चौहान के नेतृत्व में टीम ने कढ़छ (ज्वालापुर) क्षेत्र में दबिश दी। संतोष-बेबी के ठिकाने पर रेड: टीम ने मुखबिर की सूचना पर संतोष और बेबी के घर अचानक छापा मारकर 39 टेट्रा पैक देशी मदिरा (माल्टा ब्रांड), 30 केन बीयर और 03 पव्वे 8 PM अंग्रेजी शराब बरामद की। इस मामले में तुरंत कड़ा अभियोग दर्ज किया गया।

टिकोला गांव में दबिश: प्रवर्तन कार्रवाई को यहीं विराम नहीं देते हुए टीम ने टिकोला गांव में अभियुक्त देशराज के ठिकाने पर धावा बोला। यहाँ से लगभग 25 लीटर अवैध कच्ची शराब बरामद कर एक और नया अभियोग पंजीकृत किया गया।
दूसरी कार्रवाई (17 सितंबर): ठकरी के जंगलों में रेड, 1500 किलो लाहन और अवैध भट्ठियां ध्वस्त
महज 24 घंटे के भीतर, 17 सितंबर को आबकारी टीम ने और अधिक आक्रामक रुख अपनाते हुए शराब तस्करों के दुर्ग माने जाने वाले जंगलों का रुख किया। जंगल में बड़ा एक्शन: आबकारी निरीक्षक दर्शन सिंह चौहान के नेतृत्व में टीम ने ठकरी के जंगल में औचक दबिश दी। जंगलों में ड्रमों और प्लास्टिक के बर्तनों में छुपाकर रखी गई लगभग 1500 किलोग्राम अवैध लाहन को मौके पर ही नष्ट कर दिया गया।

बरामदगी: इसके साथ ही मौके से 45 लीटर अवैध कच्ची शराब भी बरामद की गई और माफिया के खिलाफ कठोर अभियोग दर्ज किया गया। नशा माफिया और अवैध शराब कारोबारियों के खिलाफ हमेशा से अग्रिम पंक्ति में रहकर लोहा लेने वाले आबकारी निरीक्षक दर्शन सिंह चौहान की कार्यशैली किसी परिचय की मोहताज नहीं है। संसाधनों की पर्याप्तता न होने के बावजूद उनकी यह जिद और कर्तव्यनिष्ठा ही है कि वह हर बार माफिया के मंसूबों को पानी फेर देते हैं।
इस पूरी साहसी और सफल कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में आबकारी निरीक्षक दर्शन सिंह चौहान के साथ उप आबकारी निरीक्षक महावीर मैठानी, प्रधान आबकारी सिपाही अनिरुद्ध शर्मा, सुरेंद्र, सिपाही लव शर्मा, पिंकी और नरेंद्र जैसे समर्पित और जांबाज कर्मी शामिल रहे। विभाग की इस लगातार और ताबड़तोड़ कार्रवाई से हरिद्वार में अवैध शराब का कारोबार करने वाले तत्वों में ऐसा खौफ पसरा है कि वे भूमिगत होने को मजबूर हैं। आबकारी विभाग का यह विशेष प्रवर्तन अभियान आगे भी इसी कड़ाई के साथ जारी रहेगा।

